मणिपुर में बंद से जनजीवन प्रभावित, चुराचांदपुर में सड़कों पर उतरे प्रदर्शनकारी, चप्पे-चप्पे पर फोर्स तैनात

3 Min Read
मणिपुर में बंद से जनजीवन प्रभावित, चुराचांदपुर में सड़कों पर उतरे प्रदर्शनकारी, चप्पे-चप्पे पर फोर्स तैनात: ताजा अपडेट

SEO MODERATOR PANEL

Focus Keyword: मणिपुर

Meta Description: मणिपुर News: मणिपुर में बंद से जनजीवन प्रभावित, चुराचांदपुर में सड़कों पर उतरे प्रदर्शनकारी, चप्पे-चप्पे पर फोर्स तैनात – जानिए क्या है पूरा मामला और ताजा अपडेट्स।

Suggested Slug: मणिपुर-manipur-violence-churachandpur-bandh-protest-clash-with-security-forces-over-kuki-zo-mlas-joining-government-2026-02-06

मणिपुर: मुख्य समाचार और अपडेट

मणिपुर: कुकी स्टूडेंट्स ऑर्गेनाइजेशन ने शुक्रवार आधी रात से 24 घंटे के बंद का एलान किया था। वहीं, एक अन्य संगठन ‘ज्वाइंट फोरम आफ सेवन’ ने भी सुबह 6 बजे से शाम 6 बजे तक बंद बुलाया। बंद के कारण बाजार पूरी तरह बंद रहे और सड़कों पर गाड़ियां नहीं चलीं। सरकारी दफ्तरों और स्कूलों में भी बहुत कम लोग पहुंचे। बंद का सबसे ज्यादा असर जिला मुख्यालय के तुइबोंग इलाके में दिखा। जिले में तनाव को देखते हुए अहम जगहों पर अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किए गए हैं। शुक्रवार सुबह बंद का समर्थन कर रहे लोग हाथों में लाठियां लेकर सड़कों पर उतर आए। इस बीच, कुकी महिला मानवाधिकार संगठन ने भी विधायकों के विरोध में शुक्रवार दोपहर एक बड़ी रैली निकालने की घोषणा की है।इससे पहले गुरुवार शाम को तुइबोंग फारेस्ट गेट के पास भीड़ और सुरक्षा बलों के बीच झड़प हो गई थी। भीड़ ने सुरक्षा बलों पर पत्थर फेंके, जिसके बाद उन्हें हटाने के लिए लाठीचार्ज किया गया और आंसू गैस के गोले छोड़े गए। यह झड़प शुक्रवार सुबह 3 बजे तक चली, जिसमें दो प्रदर्शनकारियों के घायल होने की खबर है।यह पूरा विवाद तब शुरू हुआ जब विधायक एन सनाटे और एल एम खाउते बुधवार को इंफाल पहुंचे थे। वे सरकार बनाने का दावा पेश करने वाली एनडीए टीम का हिस्सा थे। इन दोनों विधायकों ने उपमुख्यमंत्री नेमचा किपगेन के साथ गुरुवार को विधानसभा सत्र में वर्चुअली हिस्सा भी लिया था। इसी बात से कुछ संगठन नाराज हैं।वहीं, इंडिजिनस ट्राइब्स एडवोकेसी कमेटी ने चेतावनी दी है। कमेटी ने कहा है कि विधायक एन सनाटे को डराने या उनकी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने की कोशिश को फेरजावल और जिरीबाम जिलों के आदिवासियों का अपमान माना जाएगा। कमेटी ने यह भी कहा कि इस घटना से हमार, कुकी और जोमी जनजातियों के बीच दुश्मनी नहीं होनी चाहिए।

संबंधित जानकारी (Background):
इस विषय पर अधिक जानकारी के लिए उत्तर प्रदेश (UP News) का विकिपीडिया पेज देखें।


ताजा खबरों के लिए upkhabarhindi.com के साथ बने रहें।

मूल खबर यहाँ पढ़ें (Read Original)

Exit mobile version