SEO MODERATOR PANEL
Focus Keyword: यूपी:
Meta Description: यूपी: News: यूपी: जनता को सीधे लाभ देंगे योगी सरकार के ये फैसले, किसानों को खुश करने के साथ होगा छोटे शहरों का विकास भी – जानिए क्या है पूरा मामला और ताजा अपडेट्स।
Suggested Slug: यूपी:-up-these-decisions-of-the-yogi-government-will-directly-benefit-the-public-along-with-making-farmers-happy-2026-03-24
यूपी:: मुख्य समाचार और अपडेट
यूपी:: कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही ने बताया कि प्रदेश में खाद्य विभाग की विपणन शाखा सहित कुल 8 एजेंसियां खरीद करेंगी। कुल 6500 क्रय केंद्र स्थापित होंगे। क्रय केंद्र सुबह 9 से शाम 6 बजे तक खुले रहेंगे। क्रय केंद्रों पर किसानों के लिए छाया, पानी व बैठने समेत सभी व्यवस्थाएं पूरी कराने के निर्देश दे दिए गए हैं।शाही ने बताया कि उतराई, छनाई व सफाई के लिए किसानों को 20 रुपये प्रति क्विंटल अलग से दिया जाएगा। खाद्य व रसद विभाग ने 30 लाख मीट्रिक टन खरीद का लक्ष्य रखा था, लेकिन मुख्यमंत्री ने इसे बढ़ाकर 50 लाख मीट्रिक टन किए जाने का निर्देश दिया है। 48 घंटे के भीतर किसानों को भुगतान के भी निर्देश दिए हैं। पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन होगी। खाद्य व रसद विभाग के मुताबिक गेहूं की बिक्री के लिए सोमवार दोपहर दो बजे तक 195628 किसानों ने पंजीकरण करा लिया है।
नवयुग पालिका योजना 58 शहरों को बनाएगी स्मार्ट
यूपी:: घटना का पूरा विवरण
प्रदेश में नगर निगमों की तर्ज पर छोटे जिला मुख्यालय वाले 58 नगर निकायों को भी स्मार्ट सिटी के तौर पर विकसित किया जाएगा। इसके लिए सरकार नवयुग पालिका योजना लागू करने जा रही है। इससे संबंधित नगर विकास विभाग के प्रस्ताव को कैबिनेट ने मंजूरी दे दी गई है। इस योजना के तहत गौतमबुद्ध नगर के दादरी समेत कुल 55 नगर पालिका परिषद और तीन नगर पंचायतें शामिल हैं। इसमें अवध क्षेत्र के लखनऊ और अयोध्या को छोड़कर नगर पालिका परिषद वाले सभी जिला मुख्यालय भी हैं। इन निकायों के विकास पर पांच साल में 2916 करोड़ रुपये खर्च होंगे।
योजना के तहत निकायों के विकास पर सालाना 583.20 करोड़ रुपये खर्च कर शहरी सुविधाओं से संबंधित विकास के काम होंगे। योजना में खर्च होने वाली पूरी राशि राज्य सरकार वहन करेगी। सरकार के इस फैसले से जहां स्मार्ट सॉल्यूशन्स से डिजिटल गवर्नेंस को बढ़ावा मिलेगा, वहीं क्षेत्रीय असमानताएं भी दूर होंगी। जिला मुख्यालयों पर बुनियादी सुविधाएं दुरुस्त होने से आर्थिक विकास और जीवन की गुणवत्ता में सुधार पूरे प्रदेश में समान रूप से विस्तारित होगा। लोगों को स्वच्छ एवं सुव्यवस्थित वातावरण और गुणवत्तापूर्ण सुविधाएं मिल सकेंगी। प्रस्ताव के मुताबिक वर्ष 2025-26 से 2029-30 तक पांच वर्षों में इन शहरों को स्मार्ट बनाया जाएगा। जिला स्तर पर गठित समिति के माध्यम से कामों का चयन होगा। इसके बाद राज्य स्तरीय तकनीकी समिति के परीक्षण के बाद सक्षम स्तर से परियोजनाओं का अनुमोदन होगा।
जनसंख्या के आधार पर निकायों की बनेेंगी दो श्रेणियां
नगर विकास मंत्री एके शर्मा ने बताया कि नवयुग पालिका योजना के तहत उत्सव भवन, ऑडिटोरियम, प्रदर्शनी केंद्र, पार्कों का विकास तथा बिजली व्यवस्था के आधुनिकीकरण जैसे काम होंगे। निकायों को उनकी जनसंख्या के आधार पर दो श्रेणियों (डेढ़ लाख से अधिक और डेढ़ लाख से कम आबादी) में बांटा गया है, ताकि उनकी आवश्यकताओं के अनुरूप विकास कार्यों को प्राथमिकता दी जा सके।
संबंधित जानकारी (Background):
इस विषय पर अधिक जानकारी के लिए उत्तर प्रदेश (UP News) का विकिपीडिया पेज देखें।
ताजा खबरों के लिए upkhabarhindi.com के साथ बने रहें।
मूल खबर यहाँ पढ़ें (Read Original)
