BSF: पश्चिम बंगाल-असम चुनाव में ‘लाठी’ के साथ तैनात होगी ‘बीएसएफ’, असमंजस में हैं ‘सीमा सुरक्षा बल’ के जवान

4 Min Read
BSF: पश्चिम बंगाल-असम चुनाव में 'लाठी' के साथ तैनात होगी 'बीएसएफ', असमंजस में हैं 'सीमा सुरक्षा बल' के जवान: ताजा अपडेट

SEO MODERATOR PANEL

Focus Keyword: BSF:

Meta Description: BSF: News: BSF: पश्चिम बंगाल-असम चुनाव में ‘लाठी’ के साथ तैनात होगी ‘बीएसएफ’, असमंजस में हैं ‘सीमा सुरक्षा बल’ के जवान – जानिए क्या है पूरा मामला और ताजा अपडेट्स।

Suggested Slug: bsf:-bsf-to-be-deployed-with-lathis-during-west-bengal-assam-polls-troops-left-confused-2026-03-14

BSF:: मुख्य समाचार और अपडेट

BSF:: पश्चिम बंगाल और असम में निष्पक्ष एवं शांतिपूर्ण तरीके से विधानसभा चुनाव कराने के लिए केंद्रीय अर्धसैनिक बलों की तैनाती की जा रही है। फिलहाल पश्चिम बंगाल में सीएपीएफ की लगभग पांच सौ कंपनियां तैनात कर दी गई हैं। सीमा सुरक्षा बल ‘बीएसएफ’ के जवानों से कहा गया है कि वे चुनावी ड्यूटी के दौरान अपने हाथों में ‘लाठी’ रखें। सूत्रों के मुताबिक, बीएसएफ डीजी ने यह हिदायत दी है। नॉर्थ बंगाल के आईजी सहित कई अफसरों को यह आदेश ठीक नहीं लग रहा। इसके अलावा बीएसएफ जवान भी ‘लाठी’ वाले आदेश से असमंजस में हैं। वजह, पश्चिम बंगाल के 2021 के चुनाव में कई स्थानों पर हिंसा हुई थी। असम में भी कई ऐसे इलाके हैं, जो विधानसभा चुनाव के लिहाज से अति संवेदनशील माने जाते हैं।

बीएसएफ के डीजी प्रवीण कुमार ने पिछले दिनों गुवाहाटी, साउथ बंगाल और नॉर्थ बंगाल के आईजी के साथ शांतिपूर्ण तरीके से चुनाव कराने को लेकर बैठक की थी। उस बैठक में डीजी ने अफसरों को अवगत कराया कि इस बार चुनावी ड्यूटी के दौरान बीएसएफ जवान अपने पास ‘लाठी’ रखेंगे। हालांकि बैठक में मौजूद बीएसएफ अफसरों को डीजी के आदेश पर हैरानी हुई। पश्चिम बंगाल और असम में कई इलाके संवेदनशील हैं, ऐसे में केवल ‘लाठी’ रखना, क्या ये निर्णय जवानों की सुरक्षा को ध्यान में रखकर लिया गया है। नॉर्थ बंगाल फ्रंटियर के आईजी ने इस आदेश को सही नहीं बताया। ये आदेश, वहां मौजूद बीएसएफ के दूसरे अफसरों के गले भी नहीं उतरा।बैठक में जिलों के अधिकारी भी मौजूद थे। बीएसएफ डीजी के आदेश पर जहां कई अफसरों को हैरानी हुई तो वहीं संबंधित जिले के एक एसपी ने इसका समर्थन किया। कोकराझार, जो पिछले दशक में उग्रवादी घटनाओं को लेकर अशांत क्षेत्रों में शामिल रहा है, के एसपी ने बिना हथियारों के और लाठी के साथ जवानों की तैनाती का आदेश जारी कर दिया। बीएसएफ के ग्राउंड अधिकारियों ने इस आदेश का समर्थन नहीं किया। सूत्रों ने बताया कि ये आदेश, बीएसएफ जवानों और अफसरों की सुरक्षा के साथ खिलवाड़ करने जैसा है। बीएसएफ अफसरों का कहना है कि पश्चिम बंगाल और असम के संवेदनशील इलाकों में चुनावी ड्यूटी, बिना हथियार कैसे संभव है।मुख्य चुनाव आयुक्त (सीईसी) ज्ञानेश कुमार ने इसी सप्ताह पश्चिम बंगाल का दौरा किया है। उन्होंने शांतिपूर्वक चुनाव कराने के मकसद से मुख्य सचिव नंदिनी चक्रवर्ती और डीजी पीयूष पांडेय के साथ बैठक की। मुख्य चुनाव आयुक्त ने वर्ष 2021 के चुनाव में किन-किन क्षेत्रों में हिंसा की घटनाएं हुई थीं, इसका विस्तृत ब्यौरा मांगा है। उस दौरान कौन से अधिकारी चुनावी ड्यूटी पर थे, उनकी लिस्ट भी तलब की है। हिंसा के लिए जिम्मेदार लोगों पर क्या कार्रवाई हुई, यह जानकारी भी मांगी गई है।

संबंधित जानकारी (Background):
इस विषय पर अधिक जानकारी के लिए उत्तर प्रदेश (UP News) का विकिपीडिया पेज देखें।


ताजा खबरों के लिए upkhabarhindi.com के साथ बने रहें।

मूल खबर यहाँ पढ़ें (Read Original)

Exit mobile version