रिपोर्ट | 28 अक्टूबर 2025
क्या है पूरा मामला?
दिल्ली के तिमारपुर क्षेत्र में 6 अक्टूबर की रात एक फ्लैट में आग लगने के बाद 32 वर्षीय UPSC उम्मीदवार राम केश मीणा का शव झुलसा हुआ मिला। प्रारंभ में इसे दुर्घटना माना गया, लेकिन बाद में जांच में हत्या का पता चला। (NDTV)
पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है: प्रमुख आरोपी 21 वर्षीय अमृता चौहान, उसका पूर्व प्रेमी सुमित कश्यप और दोस्त संदीप कुमार। (The Statesman)
परिवार ने पहले ही तोड़ा था रिश्ता
इस मामले में एक नया खुलासा सामने आया है — अमृता के परिवार ने 8 जुलाई 2024 को एक अखबार विज्ञापन के माध्यम से घोषणा की थी कि वे अपनी बेटी के “गलत आचरण” के कारण उससे सभी संबंध तोड़ते हैं। अदालत में यह दस्तावेज प्रस्तुत किया गया है। (The Lallantop)
अमृता के पिता राजवीर सिंह ने विज्ञापन में लिखा था कि वे अपनी संपत्ति से बेटी को बेदखल कर रहे हैं और उसके किसी भी काम का परिवार से कोई संबंध नहीं रहेगा। परिवार ने मीडिया से बात करने से इंकार किया है।
हत्या की साजिश और तकनीकी सुराग
पुलिस की जांच में पता चला कि अमृता ने राम केश पर निजी वीडियो रखने का आरोप लगाया था, जिसे वह हटाने के लिए दबाव बना रही थी। बिगड़े रिश्ते को लेकर उसने साजिश रची। (India Today)
अमृता की फॉरेंसिक साइंस की पढ़ाई ने उस साजिश को और जटिल बना दिया। आरोपियों ने घी, शराब और तेल डालकर सिलेंडर विस्फोट की झूठी कहानी बनाई ताकि हत्या को हादसा दिखाया जा सके। CCTV और कॉल डिटेल रिकॉर्ड ने उनकी सच्चाई उजागर की।
क्या कहते हैं आरोपी का परिवार?
संदीप के पिता ने मीडिया से कहा कि “अगर मेरा बेटा दोषी है तो मैं उसके साथ नहीं हूँ, लेकिन अगर वह निर्दोष है तो आखिरी सांस तक साथ रहूँगा।” इस बयान ने मामले में नया मोड़ ला दिया है।
प्रभाव और आगे क्या?
यह मामला न केवल एक दर्दनाक हत्या है बल्कि सोशल मीडिया और आधुनिक रिश्तों की जटिलताओं पर भी सवाल उठा रहा है। UPSC छात्र हत्या मामला ने दिखाया है कि किस तरह तकनीकी ज्ञान और सोशल मीडिया की दुनिया मिलकर भीषण अपराध की रूपरेखा बना सकते हैं।
अगले दिनों में अदालत में आरोप-प्रत्यारोप और त्वरित सुनवाई होगी। परिवारों के बीच टूटे रिश्ते, लाइव-इन संबंध और अपराध-प्रस्तुति इस घटना को और चर्चा में बनाए हुए हैं।

