Supreme Court: महंगाई भत्ते को लेकर कर्मियों-पेंशनभोगियों में भेदभाव न करें राज्य, सुप्रीम कोर्ट का निर्देश

josephben1999gd@gmail.com
3 Min Read
Supreme Court: महंगाई भत्ते को लेकर कर्मियों-पेंशनभोगियों में भेदभाव न करें राज्य, सुप्रीम कोर्ट का निर्देश: ताजा अपडेट

SEO MODERATOR PANEL

Focus Keyword: Supreme

Meta Description: Supreme News: Supreme Court: महंगाई भत्ते को लेकर कर्मियों-पेंशनभोगियों में भेदभाव न करें राज्य, सुप्रीम कोर्ट का निर्देश – जानिए क्या है पूरा मामला और ताजा अपडेट्स।

Suggested Slug: supreme-court-said-state-should-not-diffrentiate-dearness-allowance-between-employees-pensioners-updates-2026-04-11

Supreme: मुख्य समाचार और अपडेट

Supreme: सुप्रीम कोर्ट ने जाति जनगणना पर रोक लगाने की मांग वाली जनहित याचिका को खारिज कर दिया और याचिका में इस्तेमाल की गई भाषा पर कड़ी नाराजगी जताई। सुनवाई के दौरान अदालत ने याचिकाकर्ता को फटकार लगाते हुए कहा कि याचिका में असभ्य और आपत्तिजनक शब्दों का प्रयोग किया गया है। जस्टिस सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली पीठ, जिसमें जस्टिस जॉयमाल्या बागची और जस्टिस विपुल एम पंचोली शामिल थे, ने याचिकाकर्ता से कहा, आपने अपनी याचिका में बदतमीजी की भाषा लिखी है। आपने यह याचिका किससे लिखवाई है? अदालत ने आगे कहा, आप इस तरह की भाषा याचिका में कहां से लिखते हैं? पीठ ने स्पष्ट किया कि इस प्रकार की भाषा न्यायिक प्रक्रिया की गरिमा के अनुरूप नहीं है। अदालत ने याचिका को खारिज करते हुए किसी भी प्रकार का निर्देश देने से इन्कार कर दिया।इस याचिका में केंद्र सरकार को जाति जनगणना रोकने का निर्देश देने की मांग की गई थी। साथ ही याचिकाकर्ता ने यह भी मांग की थी कि एक बच्चे वाले परिवारों को आर्थिक प्रोत्साहन देने के लिए नीति बनाई जाए। सुनवाई के दौरान अदालत ने याचिका के तथ्यों पर विचार करने के बजाय पहले उसके प्रस्तुतिकरण और भाषा पर गंभीर आपत्ति जताई और कहा कि अदालत में दायर दस्तावेजों में मर्यादा और शालीनता का पालन जरूरी है।इससे पहले 2 फरवरी को भी सुप्रीम कोर्ट ने 2027 की जनगणना में जाति संबंधी आंकड़ों को दर्ज करने, उनके वर्गीकरण और सत्यापन की प्रक्रिया को चुनौती देने वाली एक अन्य जनहित याचिका पर सुनवाई से इन्कार कर दिया था। वर्ष 2027 में होने वाली जनगणना देश की 16वीं राष्ट्रीय जनगणना होगी। इसमें 1931 के बाद पहली बार व्यापक स्तर पर जाति आधारित गणना शामिल किए जाने की योजना है। यह देश की पहली पूरी तरह डिजिटल जनगणना भी होगी, जिसमें आंकड़ों के संग्रह और प्रबंधन के लिए आधुनिक तकनीक का उपयोग किया जाएगा।

संबंधित जानकारी (Background):
इस विषय पर अधिक जानकारी के लिए उत्तर प्रदेश (UP News) का विकिपीडिया पेज देखें।


ताजा खबरों के लिए upkhabarhindi.com के साथ बने रहें।

मूल खबर यहाँ पढ़ें (Read Original)

Leave a comment

Please Login to Comment.